पांच करोड़ की सांसद निधि खर्च कर सकते हैं जिलाधिकारी :सांसद अजय भट्ट

दी टॉप टेन न्यूज़ (देहरादून)-

नैनीताल उधम सिंह नगर लोकसभा क्षेत्र के सांसद अजय भट्ट ने विगत दिवस नैनीताल और उधमसिंह नगर के जिलाधिकारियों को पत्र लिखकर कहा था कि मेरी साल भर की सांसद निधि जो कि ₹5 करोड़ है उसमें से वह जितना चाहे उसको कोरोना जैसी महामारी के बचाव और रोकथाम के लिए आने वाली दवाइयां और उपकरणों के लिए खर्च कर सकते हैं अगर उन्हें आवश्यकता होगी तो मेरी पूरी निधि भी खर्च कर सकते हैं इसी के तहत सांसद अजय भट्ट ने फिर पुनः कोरोना महामारी के रोकथाम और बचाव के लिए  पार्लियामेंट के स्टेट बैंक प्रबंधक को पत्र देकर कहा कि वह मेरे एक महीने का वेतन प्रधानमंत्री  रिलीफ फंड के लिए खाते से रिलीज कर ले ।

सांसद अजय भट्ट ने भारतीय जनता पार्टी उत्तराखंड के सम्मानित कार्यकर्ताओं से अपील की  वह  प्रधानमंत्री रिलीफ फंड  और उत्तराखंड के मुख्यमंत्री रिलीफ फंड में अधिक से अधिक धनराशि देकर सहयोग करें श्री भट्ट ने कहा कि अगर जीवन रहेगा तो हम धन को फिर कमा सकते हैं अगर जीवन नहीं रहेगा तो हमारा कमाया हुआ धन भी व्यर्थ जाएगा इस समय देशवासियों को भामाशाह बनने की जरूरत है और देश की परिस्थितियों को देखकर हमें माननीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के हाथों को मजबूत करना है

साथ ही सांसद अजय भट्ट ने उत्तराखंड वासियों से  कोरोनावायरस का एकजुट होकर मुकाबला करने के लिए 5 अप्रैल को रात्रि ठीक 9:00 से 9:00 मिनट तक अपने-अपने घरों के बाहर बालकनी/खिड़की/छत में दीपक मोमबत्ती या टॉर्च या मोबाइल फ्लैश जलाकर दीपावली जैसी रोशनी करने की अपील की है
सांसद अजय भट्ट ने कहा कि कोरोना से मुकाबला करने के संदेश को जन-जन तक पहुंचाना आवश्यक है

साथ ही उन्होंने  कहा कि कोरोना  के खिलाफ हमारे प्रधानमंत्री जी द्वारा जो लॉकडाउन का कदम उठाया गया उसे आज पूरे विश्व में सराहा जा रहा है
क्योंकि कोरोना पर विजय पाने का  माध्यम केवल लॉकडाउन तथा सोशल डिस्टेंसिंग ही है।
विश्व के कुछ देशों में भारी लापरवाही हुई है यानी कि कई देशों ने भारी लापरवाही की जिसका परिणाम आज सबके सामने है अंततोगत्वा आज पूरे विश्व के बड़े बड़े देशों को भी लाॅकडाउन करना पड़ा है।

सांसद अजय भट्ट ने कहा कि इस समय इस सब के बावजूद हम सबको मोदी जी के साथ मिलकर कोरोना महामारी से लड़ना है

उन्होंने कहा कि इस समय धैर्य एवं संयम बरतने की आवश्यकता है एक बहुत बड़े लक्ष्य की प्राप्ति में थोड़ा बहुत कष्ट जरूर हो रहा होगा परंतु कुछ दिनों की कष्ट के बाद सुखद परिणाम आने वाले हैं।

सांसद महोदय ने कहा कि इस समय हमारे प्रदेश समेत पूरे देश में बहुत बड़ा संकट आया है जिसे मिलजुल कर ही समाप्त किया जा सकता है इस वक्त हम अपने अपने घरों में रहकर ही राष्ट्रभक्ति का परिचय दें यही समय की मांग भी है कि हम अपने अपने परिवारों को एवं आसपास के लोगों को,पड़ोस को,गांव को, प्रदेश को और देश को सिर्फ घर पर रह कर सोशल डिस्टेंसिंग का पालन कर बचा सकते हैं
और उन्होंने  कहा कि जीवन रहेगा तो सब कुछ ठीक हो जाएगा यदि जीवन ही नहीं रहेगा तो हम क्या कर पाएंगे
इसलिए हमारी पहली प्राथमिकता अपने को बचाना अपने परिवार की रक्षा करना है प्रधानमंत्री मोदी जी ने सिर्फ एक सहयोग  आमजन से मांगा है और कई बार हाथ जोड़कर प्रार्थना की है कि लोग अपने-अपने स्थानों पर यानी कि घरों पर या जो जहां है वही रूके. जब कोई भी देश का राजा प्रजा से कुछ मांगता है तो यह समझना चाहिए कि देश भारी संकट में है मोदी जी बार-बार हाथ जोड़कर लाॅकडाउन का पालन करने के लिए प्रार्थना कर रहे हैं. सांसद महोदय ने  कहा कि जल्द ही कोरोना संकट के बादल छट जाएंगे और हम कोरोना पर विजय पाएंगे।

हल्दूचौड़ स्थित गोरक्षा धाम की  मदद करेंगे

हल्दूचौड़  परमा स्थित हरे कृष्णा आश्रम गौरक्षा धाम में लाकडाउन  के बीच चल रहे संकट के दौरान सांसद अजय भट्ट संकटमोचक की भूमिका में नजर आ रहे हैं  गौरतलब है कि गौरक्षा धाम के प्रबंधक रामेश्वर दास ने एक मार्मिक अपील के तहत लाक डाउन के चलते गोवंशीय पशुओं को हो रही दिक्कतों का हवाला दिया था विभिन्न प्रचार माध्यमों के जरिए बताया गया था कि लगभग 1000 गौवंश की यहां पर सेवा की जा रही है लॉक डाउन  के चलते चारा पशु आहार इत्यादि का अभाव होने लगा है  प्रबंधक समेत आश्रम के सभी सेवक इस बात को लेकर बेहद चिंतित दिखाई दे रहे थे कि कहीं भूसे और चारे की कमी से गोवंश को अकाल मौत का सामना ना करना पड़ जाए बहरहाल सांसद अजय भट्ट ने इस मामले में बेहद संवेदनशीलता दिखाते हुए जिलाधिकारी नैनीताल को वस्तु स्थिति से अवगत कराने का अनुरोध किया जिलाधिकारी द्वारा एक टीम को भेजकर गौरक्षा धाम की स्थिति का आकलन किया गया सांसद अजय भट्ट ने भरोसा दिलाया है कि किसी भी कीमत पर गोवंश को भूखे नहीं मरने दिया जाएगा उन्होंने क्षेत्रवासियों से भी आह्वान कर कहा है कि गोवंश की रक्षा में सभी लोगों को आगे आना चाहिए।