अवैध नियुक्ति करने वाले विधानसभा अध्यक्ष और जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई क्यों नहीं हो रही है

 

दी टॉप टेन न्यूज़ देहरादून

उत्तराखंड परिवर्तन पार्टी ने पूर्व विधानसभा अध्यक्ष गोविंद सिंह कुंजवाल के उस बयान का स्वागत किया है जिसमें उन्होंने विधानसभा में राज्य बनने के बाद हुई सभी अवैध नियुक्तियों को निरस्त करने एवं नियुक्ति करने के जिम्मेदार माननीय विधानसभा अध्यक्षों एवं मंत्रियों पर कार्रवाई करने की मांग की है। उपपा के केंद्रीय अध्यक्ष पी.सी. तिवारी ने कहा कि आज यह तथ्य सार्वजनिक है कि उत्तराखंड राज्य बनने के बाद यहां की सरकारों, राजनेताओं ने अपने पद का दुरुपयोग कर छात्र, युवाओं, बेरोजगारों के साथ भारी अन्याय किया है।

तिवारी ने कहा कि सरकार द्वारा बनाई गई वरिष्ठ प्रशासनिक अधकारी रहे डी. के. कोठिया की अध्यक्षता में गठित जांच कमेटी ने राज्य बनने के बाद विधानसभा में हुई सभी नियुक्तियों को अवैध माना है ऐसे में 2016 से पहले गलत हुई नियुक्तियों पर समान रूप से कार्रवाई करने में विधानसभा अध्यक्ष और सरकार को कौन रोक रहा है। इस यक्ष प्रश्न का जवाब सरकार एवं विधानसभा अध्यक्ष को उत्तराखंड के पीड़ित युवाओं, बेरोजगारों एवं जनता को देना चाहिए। उपपा अध्यक्ष ने कहा कि उनकी पार्टी इस मामले में बेरोजगारी के कारण दर दर ठोकरें खाने वाले आम लोगों के पक्ष में चलने वाली हर न्यायसंगत लड़ाई के साथ खड़ी है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार को इस मामले में सख्त कार्रवाई करने का साहस दिखाना चाहिए।