समान नागरिक संहिता पर अब 22 अक्टूबर तक दिए जा सकते है सुझाव, समिति का हितधारकों से चर्चा के लिए 14 से कुमाऊं का दौरा

 

दी टॉप टेन न्यूज़ देहरादून

प्रदेश में धामी सरकार समान नागरिक संहिता लागू करने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रही है।मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर जस्टिस रंजना प्रकाश देसाई (सेवानिवृत्त) की अध्यक्षता में गठित विशेषज्ञ समिति अभी तक दिल्ली और देहरादून में बैठकें कर चुकी है। ड्राफ्ट तैयार करने के लिए विभिन्न नीतियों के अलावा दूसरे देशों व गोवा में बनाई गई नीति का अध्ययन किया गया।

समान नागरिक संहिता का ड्राफ्ट तैयार करने के लिए गठित विशेषज्ञ समिति ने आम जन से सुझाव प्राप्त करने की अंतिम तिथि 15 दिन बढ़ा दी है। अब 22 अक्टूबर तक सुझाव दिए जा सकेंगे।
वहीं, समिति को अब तक ई-मेल, डाक और कार्यालय के माध्यम से एक लाख से अधिक सुझाव प्राप्त हो चुके हैं।

समिति के सदस्य शत्रुघ्न सिंह के मुताबिक, अब तक एक लाख सुझाव प्राप्त हो चुके हैं। इनमें बड़ी संख्या में समान नागरिक संहिता की वेबसाइट पर प्राप्त हुए हैं। कई लोगों ने ईमेल के माध्यम तो कुछ ने डाक के जरिये अपने सुझाव भेजे हैं। समिति ने अभी इन सुझावों का अध्ययन शुरू नहीं किया है। फिलहाल 22 अक्तूबर तक लोग अपने सुझाव समिति को दे सकेंगे। 

वेब पोर्टल, ई-मेल के साथ कार्यालय में दिए जा सकते हैं सुझाव

गत आठ सितंबर को समिति की अध्यक्ष जस्टिस रंजना प्रकाश देसाई (सेवानिवृत्त) ने आमजन से समान नागरिक संहिता के ड्राफ्ट के लिए सुझाव आमंत्रित करने के उद्देश्य से वेब पोर्टल लांच किया गया था। साथ ही ईमेल के जरिये भी सुझाव आमंत्रित किए गए।समिति ने आम जनता से सुझाव लेने की अंतिम तिथि सात अक्टूबर तय की थी। अब समिति ने सुझाव लेने की तिथि 22 अक्टूबर तक बढ़ा दी है। आमजन अपने सुझाव समिति के वेब पोर्टल पर भेज सकते हैं। ई-मेल और लिखित रूप में भी सुझाव उपलब्ध कराने की सुविधा है।इसके लिए देहरादून और दिल्ली में कार्यालय खोले गए हैं।

दरअसल, समिति इस मामले में अधिकाधिक संख्या में आम जन से सुझाव प्राप्त करना चाहती है। इन सुझावों का गहन अध्ययन व परीक्षण भी किया जा रहा है, ताकि समान नागरिक संहिता के ड्राफ्ट को व्यापक जन भागीदारी के आधार पर अंतिम रूप दिया जा सके

हितधारकों से चर्चा के लिए 14 से कुमाऊं का दौरा

सुझाव प्राप्त करने के साथ ही समिति के सदस्य हितधारकों से चर्चा करने के लिए उनके पास जा रहे हैं। चमोली और रूद्रप्रयाग जिले का दौरा करने के बाद अब समिति 14 अक्तूबर से कुमाऊं के दौरे पर निकलेगी। 21 अक्तूबर तक समिति पिथौरागढ़, चंपावत, यूएसनगर और अल्मोड़ा में हितधारकों से बात करेगी और सुझाव लेगी।